
न्यूज स्टेटस 24, अरुण मिश्रा ब्यूरो चीफ, चित्रकूट मंडल बांदा। विकास भवन स्थित रानी दुर्गावती सभागार में रविवार को सेवा निवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन, जनपद शाखा बांदा का प्रथम द्विवार्षिक अधिवेशन आयोजित किया गया। अधिवेशन में पेंशनर्स की विभिन्न समस्याओं और 10 सूत्रीय मांगों को लेकर आवाज बुलंद की गई। इस दौरान संचालन कर्ता की ओर से गूंजे गीत के बोल “हाय-हाय ये मजबूरी…, तेरा वादा और ये दूरी…” ने पेंशनर्स की पीड़ा को स्वर दे दिया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुख्य विकास अधिकारी अजय कुमार पांडेय और विशिष्ट अतिथि जिला विकास अधिकारी राजेश कुमार रहे। बैज अलंकरण एवं माल्यार्पण के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। बड़ी संख्या में पेंशनर्स की मौजूदगी के चलते सभागार भी छोटा पड़ गया।अधिवेशन में

राशिकरण की वसूली की अवधि 15 वर्ष से घटाकर 10 वर्ष करने की प्रमुख मांग उठाई गई। इसके अलावा पेंशन में बढ़ोतरी की उम्र सीमा को कम करने की मांग करते हुए कहा गया कि 80 वर्ष की उम्र तक पहुंचने वाले पेंशनर्स की संख्या काफी कम रह जाती है। इसलिए 65 वर्ष की उम्र पर पांच प्रतिशत, 70 वर्ष पर 10 प्रतिशत और 75 वर्ष पर 15 प्रतिशत पेंशन बढ़ोतरी लागू की जाए। पुराने पेंशनर्स को भी आठवें वेतन आयोग के लाभों में शामिल करने की मांग की गई।एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि बांदा इकाई का गठन नौ सितंबर 2024 को हुआ था। गठन के बाद से इकाई ने प्रांतीय आह्वान पर विभिन्न आंदोलनों में भाग लिया। मांगों को लेकर 22 नवंबर 2024, 22 अप्रैल 2025 और 15 जुलाई 2025 को धरना-प्रदर्शन किए गए। 15 दिसंबर 2025 को कैंडल मार्च निकालकर सरकार का ध्यान समस्याओं की ओर आकर्षित किया गया। वहीं 18 मई 2026 को स्वर्गीय बीएन सिंह की पुण्यतिथि को संकल्प दिवस के रूप में मनाया गया।पदाधिकारियों के अनुसार, 10 सूत्रीय मांगों को लेकर घर-घर संपर्क अभियान चलाया गया और एक हजार पेंशनर्स के हस्ताक्षर युक्त याचिका प्रांतीय कार्यालय के माध्यम से प्रधानमंत्री कार्यालय, नई दिल्ली भेजी गई है।अधिवेशन में जनपद स्तर की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया गया। पेंशनर्स ने आरोप लगाया कि सीएमओ और सीएमएस कार्यालयों में अनावश्यक आपत्तियों के कारण चिकित्सा प्रतिपूर्ति बिलों के परीक्षण और भुगतान में देरी होती है। आईटीआई के पूर्व प्रधानाचार्य पेंशनर राजेंद्र कुमार, चकबंदी कर्मचारी पेंशनर सत्यनारायण द्विवेदी सहित अन्य पेंशनर्स के चिकित्सा प्रतिपूर्ति बिलों के निस्तारण में देरी का मामला उठाया गया। नागेंद्र दीक्षित और प्रमोद त्रिवेदी के बिलों के त्रुटिपूर्ण परीक्षण की शिकायत भी की गई।इसके अलावा नलकूप खंड एवं सिंचाई विभाग के वर्क चार्ज कर्मचारियों की पेंशन का मुद्दा भी उठाया गया। पदाधिकारियों ने बताया कि बैजनाथ शर्मा समेत दर्जनों वर्क चार्ज कर्मचारियों को पेंशन जारी करने के संबंध में उच्च न्यायालय प्रयागराज से आदेश हो चुका है, लेकिन संबंधित विभागीय स्तर पर आदेश के क्रियान्वयन में रुचि नहीं दिखाई जा रही है।अधिवेशन में संगठन को मजबूत करने और मांगों को लेकर एकजुट होकर आगे संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया गया। कार्यक्रम में अरुण मिश्रा, मिथलेश पांडेय, नागेंद्र दीक्षित, अमरनाथ शर्मा, कन्हैया दीक्षित सहित प्रांतीय, मंडल और जिला स्तर के पदाधिकारी तथा महोबा समेत मंडल के विभिन्न जनपदों से आए पेंशनर्स मौजूद रहे। संचालन जिला मंत्री बाबूराम मिश्र ने किया। News Status 24 पूरी करे सच की जिज्ञासा ।
